पीएम आवास योजना ग्रामीण गरीब ग्रामीण परिवारों के लिए पक्के घर का सपना साकार करने वाली केंद्र सरकार की प्रमुख पहल है। 2026 में डिजिटल अपडेट के साथ यह प्रक्रिया मोबाइल से घर बैठे पूरी हो रही है। अब बिना कहीं भटकें आसानी से आवेदन भरें और लाभ उठाएं।

Table of Contents
योजना का उद्देश्य और लाभ
यह योजना हर ग्रामीण बेघर परिवार को सुरक्षित पक्का मकान उपलब्ध कराने पर केंद्रित है। सरकार 1.20 से 1.30 लाख रुपये तक की सहायता देती है, जो बैंक खाते में सीधी ट्रांसफर होती है। विशेष रूप से अनुसूचित जाति-जनजाति, अल्पसंख्यक और दिव्यांग परिवारों को प्राथमिकता मिलती है। इससे गांवों में जीवन स्तर ऊंचा उठ रहा है।
पात्रता मानदंड समझें
आवेदक के पास कच्चा या कोई मकान न होना जरूरी है। परिवार की सालाना आय 3 से 6 लाख रुपये तक सीमित होनी चाहिए। राशन कार्ड में बीपीएल श्रेणी, वोटर आईडी और 18 वर्ष से अधिक उम्र अनिवार्य हैं। पक्का घर, सरकारी नौकरी या चार पहिया वाहन न होने पर ही योग्यता बनती है। भूमिहीन मजदूर परिवारों को अतिरिक्त लाभ है।
मोबाइल ऐप से आवेदन शुरू करें
सबसे पहले Awaas+ ऐप डाउनलोड करें या pmayg.nic.in खोलें। ‘Citizen Assessment’ चुनकर आधार नंबर डालें और OTP से वेरीफाई करें। नाम, पता, मोबाइल और परिवार विवरण भरें। बैंक खाता आधार से लिंक होना चाहिए। तीन-चार मिनट में फॉर्म पूरा हो जाता है।
आवश्यक दस्तावेज तैयार रखें
आधार कार्ड, राशन कार्ड, बैंक पासबुक, जॉब कार्ड, आय प्रमाण-पत्र और फोटो अपलोड करें। स्वच्छ भारत मिशन नंबर यदि उपलब्ध हो तो जोड़ें। अशिक्षित आवेदक अंगूठे का निशान लगाकर पंचायत से सहायता लें। सबकुछ स्कैन कॉपी में अपलोड करें ताकि प्रक्रिया तेज चले।
फॉर्म सबमिट और स्टेटस जांच
फॉर्म भरने पर रजिस्ट्रेशन नंबर मिलेगा, इसे नोट करें। वेबसाइट पर ‘Stakeholder’ सेक्शन में जाकर स्टेटस चेक करें। ग्राम पंचायत या ब्लॉक स्तर पर सत्यापन होता है। स्वीकृति पत्र एसएमएस से मोबाइल पर आता है। स्वीकृत होने पर पहली किस्त खाते में आ जाती है।
ऑफलाइन विकल्प यदि जरूरी हो
मोबाइल न हो तो ग्राम पंचायत या बीडीओ कार्यालय जाएं। वहां फॉर्म लें, दस्तावेज जमा करें। पंचायत कर्मचारी इसे ऑनलाइन अपलोड करेंगे। हालांकि डिजिटल तरीका सबसे तेज और पारदर्शी है। समय बचाने के लिए मोबाइल प्रक्रिया अपनाएं।
महत्वपूर्ण टिप्स सफल आवेदन के लिए
गलत जानकारी से आवेदन रद्द हो सकता है, इसलिए सटीक डिटेल दें। SECC 2011 डेटा से पात्रता जांच होती है। लाभार्थी सूची पंचायत और वेबसाइट पर देखें। समस्या हो तो हेल्पलाइन 11 000 या स्थानीय अधिकारी से संपर्क करें। 2026 में लक्ष्य 2 करोड़ नए घर बनाने का है।
















