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School Timing Change: नई समय-सारणी लागू! शिक्षा विभाग के आदेश के बाद अब इस समय खुलेंगे स्कूल

बिलासपुर जिले में ठंड कम होने पर शिक्षा विभाग ने स्कूलों का समय बहाल कर दिया। एक पाली वाले स्कूल सोम-शुक्र 10 AM-4 PM, शनिवार 7:30-11:30 AM। दो पालियों वाले: पहली 7:30-11:30 AM, दूसरी 12-4 PM। जिला शिक्षा अधिकारी एसबी टांडे के आदेश से सभी स्कूलों पर लागू। यूपी-बिहार में भी समान बदलाव।

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School Timing Change: नई समय-सारणी लागू! शिक्षा विभाग के आदेश के बाद अब इस समय खुलेंगे स्कूल

मौसम की मार से राहत मिलते ही छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले में शिक्षा विभाग ने स्कूलों के संचालन समय में महत्वपूर्ण बदलाव कर दिया है। ठंड और शीतलहर के असर कम होने पर जिला प्रशासन ने सभी प्रकार के विद्यालयों को पूर्व निर्धारित समय-सारणी पर लौटने का आदेश जारी किया है। यह निर्णय छात्रों, अभिभावकों और शिक्षकों के लिए बड़ी राहत लेकर आया है, क्योंकि पहले कड़ाके की सर्दी के कारण कक्षाएं देरी से शुरू हो रही थीं।

बिलासपुर में नई समय-सारणी का विवरण

जिला शिक्षा अधिकारी एसबी टांडे ने बताया कि कलेक्टर संजय अग्रवाल की मंजूरी के बाद यह आधिकारिक निर्देश जारी किया गया है। यह नई समय-सारणी जिले के सभी शासकीय, अशासकीय, अनुदान प्राप्त और सीबीएसई पाठ्यक्रम वाले स्कूलों पर समान रूप से लागू होगी। एक पाली वाले स्कूल सोमवार से शुक्रवार तक सुबह 10 बजे से शाम 4 बजे तक संचालित होंगे, जबकि शनिवार को सुबह 7:30 से 11:30 बजे तक सीमित समय रहेगा। वहीं, दो पालियों वाले विद्यालयों में पहली पाली सुबह 7:30 से 11:30 बजे और दूसरी पाली दोपहर 12 से शाम 4 बजे चलेगी। शनिवार को दोनों पालियों की कक्षाएं सुबह 7:30 से 11:30 बजे तक ही होंगी।

ठंड से सामान्य समय पर वापसी

यह बदलाव ठंड के कारण पहले लागू की गई अस्थायी व्यवस्था को समाप्त करता है। उल्लेखनीय है कि जनवरी-फरवरी में शीतलहर के चलते स्कूलों की सुबह की कक्षाएं 7:30 बजे के बजाय 8:30 बजे से शुरू की जा रही थीं। अब मौसम सामान्य होने पर नियमित शेड्यूल बहाल हो गया है, जिससे पढ़ाई का नुकसान कम होगा। शिक्षा विभाग का यह कदम छात्रों की सुरक्षा और शैक्षणिक कैलेंडर को बनाए रखने की दिशा में सकारात्मक है।

राज्यव्यापी बदलावों का दौर

बिलासपुर का यह निर्णय अकेला नहीं है। हाल के दिनों में उत्तर प्रदेश, बिहार और छत्तीसगढ़ जैसे राज्यों में शिक्षा विभागों ने मौसम के अनुकूल स्कूल टाइमिंग में व्यापक परिवर्तन किए हैं। यूपी में जनवरी 2026 से सरकारी स्कूल सुबह 10:30 बजे से शाम 3 बजे तक खुल रहे हैं। नोएडा-गाजियाबाद जैसे जिलों में छोटे बच्चों की कक्षाएं शुरुआत में ऑनलाइन या देरी से चलीं, जबकि प्रयागराज में कुंभ मेले के कारण 20 जनवरी तक स्कूल बंद रहे। गर्मी से निपटने के लिए अप्रैल-मई तक पढ़ाई और 16 मई से 20 जून तक ग्रीष्मावकाश का कैलेंडर तय किया गया है।

अन्य राज्यों के उदाहरण

बिहार में फरवरी 2026 के पहले सप्ताह में शिक्षा विभाग ने ठंड समाप्ति पर सामान्य टाइम टेबल बहाल किया। पहले सुबह 9:30 से शाम 4 बजे का समय था, जो अब पूरी तरह लागू है। अलीगढ़ (यूपी) में भी स्कूल 9 बजे से दोपहर 3 बजे तक चलेंगे। ये बदलाव स्थानीय प्रशासनिक आदेशों पर आधारित हैं, जो तापमान और मौसमी स्थितियों को ध्यान में रखते हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसे परिवर्तन छात्रों की सेहत और उपस्थिति बढ़ाने में सहायक सिद्ध हो रहे हैं।

अभिभावकों और शिक्षकों की प्रतिक्रिया

बिलासपुर के अभिभावक इस बदलाव से संतुष्ट दिख रहे हैं। एक स्थानीय माता, रेनू शर्मा ने कहा, “ठंड में बच्चे सुबह जल्दी जाना मुश्किल था। अब सामान्य समय से पढ़ाई बेहतर होगी।” शिक्षक संघ के अध्यक्ष ने बताया कि यह निर्णय शैक्षणिक सत्र को ट्रैक पर लाने वाला है। हालांकि, कुछ अभिभावकों ने सुझाव दिया कि गर्मी के मौसम के लिए भी पहले से योजना होनी चाहिए। जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि कोई असुविधा होने पर स्थानीय शिक्षा अधिकारी से संपर्क किया जा सकता है।

अन्य महत्वपूर्ण अपडेट

इस बीच, छत्तीसगढ़ में RTE एडमिशन 2026 की ऑनलाइन प्रक्रिया 16 फरवरी से शुरू हो चुकी है, जो 31 मार्च तक चलेगी। कवर्धा जिले में भी इसी तरह के बदलाव देखने को मिले हैं। मार्च 2026 में होली (4 मार्च) पर यूपी सहित कई राज्यों में 2-4 मार्च तक स्कूल बंद रह सकते हैं, हालांकि 3 मार्च पर कुछ अस्पष्टता बनी हुई है। अभिभावक स्थानीय शिक्षा विभाग की वेबसाइट या हेल्पलाइन से नवीनतम जानकारी लें।

निष्कर्ष और भविष्य की योजना

शिक्षा विभाग ने सभी स्कूल प्राचार्यों को निर्देश दिए हैं कि नई समय-सारणी का कड़ाई से पालन हो और छात्रों को इसकी जानकारी दी जाए। यह बदलाव न केवल मौसमी अनुकूलन दर्शाता है, बल्कि शिक्षा प्रणाली की लचीलापन को भी रेखांकित करता है। विशेषज्ञों का कहना है कि जलवायु परिवर्तन के दौर में ऐसे लचीले निर्णय आवश्यक हैं।

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info@gurukulbharti.in

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