
आयकर विभाग ने ड्राफ्ट आयकर नियम 2026 जारी किए हैं, जिसमें आम आदमी को बड़ी राहत देने का प्रस्ताव है, इस नए ड्राफ्ट के अनुसार अचल संपत्ति (Immovable Property) के लेनदेन के लिए पैन कार्ड की अनिवार्यता की सीमा को दोगुना करने का सुझाव दिया गया है।
यह भी देखें: Ration Card New Warning: राशन कार्ड की ई-केवाईसी अधूरी तो मार्च से बंद होगा राशन मिलना, तुरंत करें ये काम
Table of Contents
प्रॉपर्टी लेनदेन की सीमा ₹10 लाख से बढ़कर ₹20 लाख
वर्तमान नियमों के तहत, ₹10 लाख से अधिक मूल्य की किसी भी संपत्ति (घर, प्लॉट या दुकान) की खरीद या बिक्री पर पैन कार्ड देना अनिवार्य है सरकार के नए प्रस्ताव में इस सीमा को बढ़ाकर ₹20 लाख करने की बात कही गई है।
इसका सीधा अर्थ यह है कि यदि प्रस्तावित नियम लागू होते हैं, तो ₹20 लाख से कम की प्रॉपर्टी डील पर आपको पैन कार्ड दिखाने की जरुरत नहीं होगी, यह बदलाव न केवल खरीद-बिक्री पर, बल्कि गिफ्ट (उपहार) और जॉइंट डेवलपमेंट एग्रीमेंट पर भी लागू होगा।
सिर्फ प्रॉपर्टी ही नहीं, होटल और कारों पर भी राहत
ड्राफ्ट नियमों में अन्य वित्तीय लेनदेन की सीमाओं में भी ढील दी गई है:
- होटल और रेस्तरां बिल: अब तक ₹50,000 से अधिक के नकद भुगतान पर पैन अनिवार्य था, जिसे बढ़ाकर ₹1 लाख करने का प्रस्ताव है।
- गाड़ियों की खरीद: ₹5 लाख से कम कीमत के वाहन (दोपहिया सहित) खरीदने पर पैन की जरुरत नहीं होगी, अभी ट्रैक्टर को छोड़कर अन्य सभी वाहनों के लिए पैन अनिवार्य है।
- बैंक लेनदेन: बैंकों में प्रतिदिन ₹50,000 की नकद जमा सीमा के बजाय, अब एक वित्तीय वर्ष में कुल ₹10 लाख से अधिक के लेनदेन पर ही पैन अनिवार्य करने का सुझाव है।
यह भी देखें: Digital Crop Survey: अब मोबाइल ऐप से होगा फसल सर्वे, मुआवजा सीधे खाते में आएगा
कब से लागू हो सकते हैं ये नियम?
ध्यान दें कि ये वर्तमान में केवल प्रस्ताव (Draft Rules) हैं, जिन पर सरकार ने आम जनता और विशेषज्ञों से सुझाव मांगे हैं, यदि इन नियमों को अधिसूचित (Notify) किया जाता है, तो ये 1 अप्रैल 2026 से प्रभावी हो सकते हैं।
















