
भारत के किसानों के लिए एक बड़ी राहत! केंद्र सरकार ने डिजिटल इंडिया की ताकत से किसान भाइयों को सशक्त बनाने का नया कदम उठाया है। अब आप अपनी डिजिटल फार्मर आईडी (Farmer Registry ID) घर बैठे मोबाइल फोन से मिनटों में बना सकते हैं। बिहार, उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश समेत कई राज्यों ने इसे पीएम किसान सम्मान निधि की अगली किश्तों के लिए अनिवार्य कर दिया है। बिना फार्मर आईडी के किस्त रुक सकती है, इसलिए तुरंत रजिस्ट्रेशन करें।
यह 14-16 अंकों वाली यूनिक आईडी किसान का डिजिटल प्रोफाइल है, जो आधार से लिंक होकर जमीन के रिकॉर्ड, बैंक डिटेल्स और फसल जानकारी को एक जगह जोड़ती है। AgriStack पोर्टल पर आधारित यह सुविधा पारदर्शिता लाती है और डुप्लिकेट लाभ रोकती है। विशेषज्ञों का कहना है कि इससे फसल बीमा, खाद-बीज सब्सिडी और अन्य योजनाओं का लाभ सीधे खाते में पहुंचेगा।
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ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन का आसान तरीका
2026 में प्रक्रिया और सरल हो गई है। राज्यवार AgriStack पोर्टल या ‘Farmer Sahayak’ ऐप से शुरू करें।
- ऐप्स इंस्टॉल करें: प्ले स्टोर से ‘Farmer Sahayak’, ‘e-Hastakshar’ और ‘Aadhaar Face RD’ डाउनलोड करें। फोन Android 9+ का हो।
- नया रजिस्ट्रेशन: ऐप या पोर्टल (जैसे upfr.agristack.gov.in) खोलें। ‘Create New User Account’ या ‘New Registration’ चुनें। आधार नंबर डालें, OTP से वेरीफाई करें। फोटो कैप्चर होगा।
- जमीन विवरण भरें: जिला, तहसील, गांव सिलेक्ट करें। खसरा/सर्वे नंबर (जैसे 415/2) डालें। ‘Fetch Land Details’ से डेटा लोड करें। नाम मैच स्कोर 100% सुनिश्चित करें।
- ई-साइन और सबमिट: UACR व एग्रीकल्चर ऑप्शन टिक करें। आधार OTP या फेस RD से ई-साइन करें। सबमिट पर क्लिक करें। ID जनरेट हो जाएगी, PDF डाउनलोड करें।
एक ID में सभी खसरे ऐड करें। ज्यादा खसरा? लॉगिन से अपडेट करें। पूरा प्रोसेस 10-15 मिनट लेता है।
राज्यवार पोर्टल लिंक
| राज्य | पोर्टल लिंक |
|---|---|
| उत्तर प्रदेश | upfr.agristack.gov.in |
| बिहार | bifr.agristack.gov.in |
| मध्य प्रदेश | mpfr.agristack.gov.in |
| महाराष्ट्र | mhfr.agristack.gov.in |
| राजस्थान | rjfr.agristack.gov.in |
जरूरी दस्तावेज व सावधानियां
आधार कार्ड, लिंक्ड मोबाइल, बैंक पासबुक और खतौनी जरूरी। नाम मिसमैच? CSC पर सुधार कराएं। आम समस्याएं: लैंड न दिखना (सही खसरा डालें), OTP न आना (नेटवर्क चेक), पेंडिंग स्टेटस (7-8 दिन इंतजार)। CSC या पंचायत कृषि समन्वयक से फ्री मदद लें, लेकिन खुद करने से समय बचेगा।
फायदे: किसान जीवन बदलेगा
- PM किसान की 21वीं किश्त फार्मर ID से लिंक।
- फसल बीमा (PMFBY) में तेज क्लेम।
- सब्सिडी पर कोई देरी नहीं।
- डिजिटल वॉलेट से खरीदारी आसान।
किसान संगठनों ने सराहना की, लेकिन ग्रामीण इंटरनेट की जरूरत बताई। सरकार JioDot, BSNL से कनेक्टिविटी बढ़ा रही है। क्या आपका रजिस्ट्रेशन हो चुका? स्टेटस चेक के लिए पोर्टल लॉगिन करें। डिजिटल किसान बनें, समृद्धि पाएं!
















